पंजाबी अपनी मातृभाषा पर किसी भी हमले को कभी बर्दाश्त नहीं करेंगे: बलतेज पन्नू

0

– आप ने पंजाब के आर्मी स्कूलों में पंजाबी सब्जेक्ट को ऑप्शनल बनाने के केंद्र सरकार के फैसले का किया विरोध

– केंद्र ने आर्मी स्कूलों में पंजाबी भाषा की अहमियत कम करके अपनी पंजाब विरोधी सोच का एक और सबूत पेश किया : बलतेज पन्नू

– पंजाबी अपनी मातृभाषा के खिलाफ लिए गए किसी भी फैसले को कभी बर्दाश्त नहीं करेंगे – बलतेज पन्नू

– केंद्र की भाजपा सरकार पंजाब की पहचान और ‘मातृभाषा’ पंजाबी पर हमला करना बंद करे और तुरंत यह फैसला वापस ले: बलतेज पन्नू

(Rajinder Kumar) चंडीगढ़, 12 मई 2026: आम आदमी पार्टी (आप) पंजाब के स्टेट मीडिया इंचार्ज बलतेज पन्नू ने केंद्र की भाजपा सरकार के पंजाब के आर्मी स्कूलों में संस्कृत को ज़रूरी और पंजाबी को ऑप्शनल सब्जेक्ट बनाने के फैसले की निंदा की और इसे पंजाब विरोधी सोच का प्रतीक बताया।

 

पन्नू ने कहा कि भाजपा लगातार पंजाब के हक और उसकी विरासत पर डाका डालने की कोशिश कर रही है, जिसे राज्य के लोग कभी बर्दाश्त नहीं करेंगे।

 

पन्नू ने कहा कि भाजपा के पंजाब विरोधी फैसले हमेशा चर्चा और विवाद का विषय रहे हैं। चाहे वह पंजाब के गांवों को उजाड़कर बनाए गए चंडीगढ़ को पूरी तरह अपने अधीन करने की साजिश हो, पंजाब यूनिवर्सिटी को हरियाणा के कंट्रोल में लाने की कोशिश हो या बीबीएमबी का मैनेजमेंट केंद्र के हाथों में सौंपने की बात हो, भाजपा ने हर कदम पर पंजाब को कमजोर करने का काम किया है। अब मिलिट्री स्कूलों में पंजाबी भाषा की अहमियत कम करके केंद्र ने अपनी छोटी सोच का एक और सबूत पेश किया है।

 

उन्होंने साफ किया कि हम किसी भाषा के खिलाफ नहीं हैं, लेकिन पंजाबी भाषा को पंजाब की धरती पर दूसरे नंबर पर धकेलना मंजूर नहीं है। हम अपनी ‘मातृभाषा’ को प्राथमिकता देने वाले लोग हैं और इसके सम्मान की रक्षा के लिए किसी भी हद तक डटकर लड़ने को तैयार हैं। यह फैसला न सिर्फ भाषाई भेदभाव है बल्कि पंजाब की सांस्कृतिक जड़ों को काटने की गहरी साजिश भी है। पन्नू ने चेतावनी दी कि केंद्र सरकार को इस जनविरोधी और पंजाब विरोधी फैसले को तुरंत वापस लेना चाहिए। पंजाबी हमेशा अपनी मातृभाषा के अपमान के खिलाफ एकजुट रहे हैं और भविष्य में भी केंद्र की इन तानाशाही नीतियों का कड़ा विरोध जारी रहेगा।

About The Author

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *