जिले में सिंथेटिक डोर बनाने, बेचने, स्टोर करने और खरीदने पर पूर्ण प्रतिबंध
(Rajinder Kumar) होशियारपुर, 11 दिसंबर,2025: जिला मजिस्ट्रेट-कम-डिप्टी कमिश्नर आशिका जैन ने भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता, 2023 की धारा 163 के तहत प्राप्त अधिकारों का प्रयोग करते हुए जिला होशियारपुर की सीमाओं के अंदर पतंग उड़ाने के लिए नायलॉन, सिंथेटिक प्लास्टिक की बनी डोर (चाइनीज/मांझा) को बनाने, बेचने, स्टोर करने, खरीदने तथा सप्लाई करने पर पूरी तरह प्रतिबंध लगा दिया है। यह प्रतिबंध साधारण सूती धागे वाली डोर पर लागू नहीं होगा। यह आदेश 9 फरवरी 2026 तक प्रभावी रहेगा।
जिला मजिस्ट्रेट ने जारी आदेशों में कहा है कि पतंगबाजी के लिए इस्तेमाल हो रही डोर सूती धागे के अलावा सिंथेटिक प्लास्टिक की बनी होती है जो बहुत मजबूत, न गलने वाली और न टूटने वाली होती है। यह डोर पतंग उड़ाते समय लोगों के हाथ और उंगलियां काट देती है। इससे दुपहिया वाहन चालकों का गला, कान आदि कटने, उड़ते पक्षियों का फंसकर मर जाने की काफी दुर्घटनाएं हो चुकी हैं। इसके अलावा फंसे पक्षियों की मौत के बाद पेड़ों पर लटकने से बदबू फैलती है और वातावरण दूषित होता है। इस तरह सिंथेटिक/प्लास्टिक की बनी यह डोर जब पतंग उड़ाने में इस्तेमाल की जाती है तो यह मनुष्यों और पक्षियों दोनों के लिए जानलेवा साबित होती है।
इन तथ्यों को ध्यान में रखते हुए चाइनीज/सिंथेटिक मांझे को स्टोर करने, बेचने और खरीदने पर रोक लगाने के लिए यह कदम उठाना अत्यंत आवश्यक था।
